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जूते बनाने वाली कंपनी की कल शेयर बाजार में होगी लिस्टिंग, इतने रुपये पर लिस्ट हो सकते हैं शेयर, चेक करें GMP

Campus Activewear IPO: भारत में सबसे बड़े स्पोर्ट्स और एथलीजर फुटवियर ब्रांड कैंपस एक्टिववियर के शेयरों  की लिस्टिंग कल यानी सोमवार 9 मई होने वाली है। मार्केट एक्सपर्ट के मुताबिक, इस आईपीओ के लिए निवेशकों का बंपर रिस्पॉन्स, मजबूत प्रोडक्ट्स पोर्टफोलियो के साथ मजबूत ब्रांड पहचान और बढ़ती बाजार हिस्सेदारी समेत तमाम पाॅजिटिव कारणों के चलते प्रीमियम पर लिस्ट होने की संभावना है। बाजार में उतार-चढ़ाव के बावजूद कम से कम 15 प्रतिशत प्रीमियम के साथ कैंपस एक्टिववियर के शेयरों की लिस्टिंग होने की संभावना है। 

आईपीओ को मिला था शानदार रिस्पॉन्स
कैंपस एक्टिववियर आईपीओ सब्सक्रिप्शन स्टेटस के अनुसार, ₹1400 करोड़ के इस इश्यू को 3 दिनों की बोली में 51.75 गुना सब्सक्राइब किया गया है, जबकि इसके रिटेल हिस्से को 7.68 गुना सब्सक्राइब किया गया था। अब निवेशकों को कैंपस एक्टिववियर के शेयरों के अलॉटमेंट का बेसब्री से इंतजार है। बाजार के जानकारों के मुताबिक, कैंपस एक्टिववियर आईपीओ जीएमपी में इतनी बड़ी उछाल निवेशकों द्वारा मिले शानदार रिस्पॉन्स के चलते है।

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इतने रुपये पर लिस्ट हो सकते हैं शेयर
बाजार जानकारों के मुताबिक,  कैंपस एक्टिववियर की लिस्टिंग 353-363 रुपये के दायरे में हो सकती है। इसका ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) 61-71 रुपये चल रहा  है। इसका मतलब है कि ग्रे मार्केट कैंपस एक्टिववियर आईपीओ को ₹363 (₹292 + ₹71) के आसपास लिस्ट होने की उम्मीद कर रहा है। बता दें कि कैंपस एक्टिववियर के IPO  का प्राइस बैंड 278-292 रुपये था। 

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जीएमपी का क्या मतलब है?
एनालिस्टों का कहना है कि ग्रे मार्केट प्रीमियम का मतलब इश्यू प्राइस के मुकाबले शेयरों की लिस्टिंग काफी ऊपर हो सकती है। शेयर बाजार के विशेषज्ञों का कहना है कि जीएमपी अनऑफिशियल डेटा है और इसका कंपनी के फाइनेंशियल्स से कोई लेना-देना नहीं है। इस पर आंख मूंदकर भरोसा नहीं किया जा सकता है। इसलिए, निवेशकों को कंपनी की बैलेंस शीट को देखना चाहिए जो कि ठोस तस्वीर पेश करती है।
 

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